क्या इजरायल डरा हुआ है? ईरान को लेकर रिपोर्ट में बड़ा खुलासा
जेरूसलम: मध्य पूर्व (मिडिल ईस्ट) में तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। इस्रायल को आशंका है कि ईरान उस पर और अन्य खाड़ी देशों पर अचानक मिसाइलों और ड्रोनों से बड़ा हमला कर सकता है। यह चिंताजनक अंदेशा ऐसे समय में जताया गया है जब अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम (सीजफायर) को लेकर पर्दे के पीछे गुप्त बातचीत चल रही है। 'जेरूसलम पोस्ट' की एक रिपोर्ट के मुताबिक, खुफिया अधिकारियों ने इस गंभीर और अचानक होने वाले संभावित खतरे की पुख्ता जानकारी दी है।
ईरान की कूटनीति नाकाम होने से पहले हमले की आशंका
इस बड़े खतरे को देखते हुए इस्रायल के रक्षा मंत्री इस्रायल काट्ज और वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों ने देश के सुरक्षा हालात की एक आपातकालीन समीक्षा की है। रक्षा अधिकारियों का मानना है कि ईरान अपनी कूटनीतिक कोशिशों के पूरी तरह नाकाम होने का इंतजार नहीं करेगा, बल्कि वह उससे पहले ही हमला करके सबको चौंकाने की कोशिश कर सकता है। खुफिया अधिकारियों ने इस संभावित हमले की तुलना 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' और 'ऑपरेशन रोरिंग लायन' के शुरुआती खतरनाक चरणों से की है, जहां बड़े पैमाने पर हवाई हमले किए गए थे।
ट्रंप और नेतन्याहू के बीच मतभेदों की खबरें
सामने आ रही मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान संकट से निपटने के तरीकों को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इस्रायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के बीच कुछ राजनैतिक मतभेदों की खबरें भी सामने आई हैं। हालांकि, इन मतभेदों के बावजूद दोनों देशों की सेनाएं किसी भी युद्ध जैसी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। इस्रायली वायुसेना और आईडीएफ (IDF) के शीर्ष अधिकारी अमेरिकी सैन्य अधिकारियों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं और ईरान की हर संदिग्ध सैन्य गतिविधि पर पैनी नजर रखने के लिए लगातार खुफिया जानकारियां साझा कर रहे हैं।
अमेरिका से सैन्य सप्लाई तेज, रक्षा तंत्र हुआ मजबूत
संभावित हमले के मुंहतोड़ जवाब के लिए इस्रायल के लेफ्टिनेंट जनरल ईयाल जमीर लगातार अमेरिकी रक्षा अधिकारियों के संपर्क में बने हुए हैं। पिछले एक महीने के भीतर अमेरिका से इस्रायल आने वाले हथियारों और सैन्य सामानों की सप्लाई में भारी तेजी आई है। दोनों देशों ने मिलकर मिसाइलों को हवा में ही मार गिराने वाले डिफेंस सिस्टम, आधुनिक तकनीक और रडार सॉफ्टवेयर को पहले से कहीं ज्यादा बेहतर और अचूक बना दिया है। 'वल्ला' की एक रिपोर्ट के अनुसार, दुश्मनों के खतरों को समय रहते पहचानने और उन्हें आसमान में ही नष्ट करने की क्षमता को बढ़ाने के लिए एक व्यापक सुरक्षा समीक्षा पूरी कर ली गई है।
भोजशाला परिसर में गूंजा शंखनाद, श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच प्रशासन सतर्क
‘यलो आर्मी’ को शुभमन गिल ने कराया चुप, सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
राजधानी में रविवार को जाम से जूझ सकते हैं लोग, ट्रैफिक पुलिस ने जारी किए दिशा-निर्देश
फिल्म के रोमांटिक अंदाज पर फिदा हुए फैंस, कुछ यूजर्स ने बताई कमियां
PM मोदी ने मंत्रियों से मांगा काम का हिसाब, विदेश दौरे के बाद बड़ा कदम